28
Apr
एक अनोखी मुलाकात किसी व्यक्ति से मिलने की पुरी पटकथा हमारी मन मे चल रहे उसके प्रती विचार पर निर्भर करता है। हमारे विचार को बनने के लिए एक दुसरे के प्रति लगाव और सम्मान के साथ जरुरत की व्यवस्था पर निर्भर करता है। यदि व्यक्ति हमारे भाव के हो तो हमारे विचार लगातार सक्रिय रहते है और हमे प्रेरित करते रहते है। विचार के आदान प्रदान के बाद एक दुसरे प्रति नजरीया मे भी निखार आता है। एक संपुष्ट नजरीये के बाद आपसी लगाव को एक अर्थ मिलने लगती है और फिर एक अच्छी सोच के साथ आने वाले…