यात्रा

जगन्नाथ रथ यात्रा

जगन्नाथ रथ यात्रा

Oplus_131072 जगन्नाथ रथ यात्रा  रथ यात्रा हर साल आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि को मनाये जाने वाला प्रमुख उत्सव है। इस रथ पर भगवान जगन्नाथ, उनके बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा सवार होकर नगर भ्रमण करते हुए अपने मैसी के घर जाते है यानी गुडिचा मंदिर। श्रधालुओं की भीड़ रथ को खिचकर ले जाता है। आस्था और विश्वास के संगम का ये अदभुत प्रकटिकरण है। बर्षो से चली आ रही ये परंपरा लोगो मे रच बस गयी है। लोगो के इसके प्रेरणा से होने वाले लाभ भी दिखने लगे है। जिससे इसके प्रती लोगो का जन…
Read More
खूंटी यात्रा

खूंटी यात्रा

हमारी खुंटी यात्रा         यात्रा का अपना ही एक आनन्द होता है। एक पुरानी यादें ने हमारे बिचार को गति दी और हमलोग खुंटी की यात्रा का मन बना लिया। यात्रा को आसान बनाने के लिए हमलोगों ने रेलवे को चुना जो बस की यात्रा से ज्यादा आरामदायक लगा। हमलोग अपनी व्यवस्था के साथ रांची के लिए निकल लिये। रात्री यात्रा से गुजरते हुए सुवह का नजारा बड़ा ही अदभुत था। पहाड़ी ईलांको से गुजरता हमारी गारी धिरे-धिरे अरने मंजिल के तरफ बढ़ रही थी। ध्यान धड़ी पर भी था क्योकि जिस कार्य हेतु जा रहा था वहां समय से…
Read More
शक्ति कलश

शक्ति कलश

शक्ति कलश एकात्म बिचार से लोगों को जोड़ने के लिए हिन्दु जनमानस को यज्ञ के माध्यम से उत्साहित किया जाने वाले ये कार्यक्रम गायात्री परिवार की एक महत्वकांक्षी योजना है। धार्मिक उत्सव से जन आन्नदोलन के द्वारा वर्गिकृत समाज को एक पटल पर लाकर विकास की प्रक्रिया को उच्चतम स्तर पर ले जाने का ये प्रयास लगातार चल रहा है।     शक्ति कलश की यात्रा से यज्ञ की शुरुआत किया जाता है लोगों के भावनाओ को नये सिरे से सुत्रवद्ध करते हुए जीवन मे आगे बढ़ने के गुण को नवीकृत करके बिचारोन्नमुख से उत्साहवर्धन का योग गुणकारी है। संबंधित लेख…
Read More
यादो का सफऱ

यादो का सफऱ

यादों का सफर योदों का सफर बड़ा लम्बा होता है। हमारे सफर की धुंधली तस्वीर हमारे मस्तिष्क मे लम्बे समय तक सुरक्षित रहता है। इस सफर का कुछ पहलु ऐसा होता है, जो हमारे अनुभव का भाग बन जाता है। जीवन यात्रा मे जहां हमें कठीनाई का सामना करना पड़ता है तो हम कोई सहारा ढ़ुढ़ते लगते है, तो यही यादें हमारा मार्ग दर्शन करती है। जिवनदर्प उजियारा हो इसके लिए यादो के सफर का होना अच्छा माना जाता है। यह हमारी ओ सम्पत्ति है, जिससे हमारे जीवन को एक अर्थ मिलता है। विध्न बिनाशक माने जाने वाले यह सफर…
Read More
error: Content is protected !!