प्यार

Happy and Love

Happy and Love

खुशी और प्यार खुशी और प्यार प्यार एक दूसरे को समझने का बंधन है जिसके सहारे खुशियों को उच्च स्थान प्राप्त होता है। बंधन हमारे स्वभाव जनित संबंध को दर्शाता है। इसकी गहराई हमारे सक्रियता पर निर्भर करता है। समय के साथ यदि इसमें बदलाव होता है तो खुशियां भी कम या अधिक हो जाती है। आजकल के व्यवसायिक सोच ने संबंधों को भी प्रभावित करने लगा है। जिससे खुशियों को बनाए रखना एक गंभीर चुनौती बन गई है। सीमित अवधि वाला खुशी यदि जोखिम भरा भी ही तो कई लोग आगे निकल जाते है जिससे की उसमे प्यार की…
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Lovely dear

Lovely dear

प्यारो हो प्यारे हो प्यार की दशा और दिशा को आज के समय मे एक बन्धन मे बांधकर रखना चुनौती है क्योकि जीवन की समझ को विज्ञान ने बदल दिया है। बदले हुए सोच से आगे बढ़ने की ललक तीव्र है साथ ही शारीरिक मानडंड को भी पुरा करना होता है। दोनो को साथ ले चलने मे भटकाव का स्तर चरम पर होता है। सुनियोजित व्यहार के साथ आगे जाता हुआ व्यक्ति ही आपने को सही रुप से स्थापित कर पाता है।      स्वयं को स्थापित कर लेने के वाद भी उसका ये अभियान नही रुकता है वह समय के…
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मुझे प्यार दो

मुझे प्यार दो

मुझे प्यार दो प्यार की जरुरत सबको है, यह एक ऐसा फल हो जो व्यक्ति को व्यक्ति से जोड़ता है। इसके सहारे हम जीवन की लम्बी यात्रा मे आसानी से जीने का एहसास पाते है। प्यार को लोगो ने कलात्मकता का रुप देने की कला भी माना है। हमारी भावना को कहने के लिये हमे शब्द चाहिए तथा इनको यथा समय व्यक्त करने के लिये भी कला चाहिए। इसी कलात्मक रुप को दर्शाता यह काव्य लेख एक दुसरे को प्रभावित करने की कला को परखता है और अगे बढ़ने की प्रेरण भी देता है. प्यार को समझने तथा समझाने के…
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गुलाब का जादू

गुलाब का जादू

गुलाब का जादू   जादू का खेल बड़ा ही निराला होता है। इसमे किया जाने वाला कार्य हमारी आकार्षण का मुख्य बिन्दु होता है। हमारा पुरा ध्याण जादु करने वाले के साथ-2 जादुई प्रक्रिया से बना रहता है। उत्साह की सीमा का अंदाज लगाना कठिन होता है। लगाव जुड़ाव का अपना ही एक गणित होता है। जिसको लोग मनोयोग से समझ कर प्रतिक्रया करते है। यदि आप भाव के प्रकट करने या भाव को समझने के धनी नही है तो प्रभाव उसके अनुरुप ही होगा। सौन्दर्य का आपना एक आभा मंडल होता है। जो समझने वाला को ही अपना शिकार…
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अपनो के प्रीत

अपनो के प्रीत

अपनो के प्रीत अपनो के प्रीत बहुत गहरा होता है। जब हम कुछ दिन तक साथ रहते है तो एक दुसरे के साथ व्यवहार के साझा आदान प्रदान से अवगत हो जाते है। इसके साथ ही हम एक दुसरे के और करीव आने की कोशीश करते है कि सामने वाला उत्तम व्यवहार करेगा जिससे की आपसी रिस्तो को एक नई उचाई मिलेगी। इसके साथ ही विकाश तथा विश्वास की एक नयी उड़ान को पाया जा सकेग। इस तरह के सोच मानव के स्वभाव का हिस्सा होता है। लेकिन स्वार्थ परक व्यक्ति बड़ा ही जटील होता है। वह अपना आंतरिक प्राकृति…
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